मेरठ। चोरी के वाहन कटान के लिए पूरे देश में कुख्यात मेरठ का सोती गंज इलाका आए दिन सुर्खियों में रहता है। दूसरे राज्यों की पुलिस इस वाहन कमेले में प्रतिदिन छापा मारने आती रहती है। ऊपर से पुलिस की सख्ती अलग से लेकिन इसके बाद भी यहां पर चोरी के वाहनों का कटान बंद नहीं हो रहा है। सोती गंज में चोरी के वाहनों के कटान का मामला देश की संसद में भी गूंज चुका है। सांसद राजेंद्र अग्रवाल कई बार संसद में यह मुद्दा उठा चुके हैं। लेकिन इसके बावजूद भी आज तक इस पर रोक नहीं लग पाई है। नए कप्तान प्रभाकर चौधरी ने आते ही सोती गंज के कबाड़ी बाजार पर नजरें सख्त कर दी हैं। कप्तान ने सोती गंज में चोरी के वाहनों का कटान रोकने के लिए नई रणनीति बनाई है। जिसके तहत चोरी का वाहन कटने की सही जानकारी देने वाले को पुलिस की ओर से 10 हजार रुपये का इनाम दिया जाएगा। सूचना देने वाले का नाम भी गुप्त रखा जाएगा। पुलिस का मानना है कि इससे वाहन कटान पर लगाम तो लगेगी ही साथ ही वाहन चोरी के मामलों में भी कमी आएगी। कप्तान ने यह आदेश भी जारी किए हैं कि हादसे में क्षतिग्रस्त हुई गाड़ी भी पुलिस की जांच के बाद ही सोतीगंज में कटेगी। सदर थाना पुलिस ने बुधवार रात को भी क्षेत्र का दौरा किया। इस दौरान इंस्पेक्टर ने पुलिस की इनामी योजना से लोगों को और व्यापारियों को अवगत कराया।
सदर बाजार इंस्पेक्टर ने लोगों से अपील की है कि चोरी के वाहन कटान की जो जानकारी देगा, उसे 10 हजार रुपये का इनाम दिया जाएगा। इसके साथ ही बाजार में जो क्षतिग्रस्त वाहन आएंगे, उनको भी पुलिस की जांच के बाद ही काटा जाएगा। एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने बताया कि सभी कबाडिय़ों के दुकानों पर लगे कैमरों को भी चेक किया जाएगा। किसी ने डीवीआर के साथ छेड़छाड़ की तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। सोतीगंज में कटान का काम नहीं होने दिया जाएगा। बता दें कि लोगों ने अपने घरों के चारों ओर या फिर गली में पुलिस को देखने के लिए कैमरे लगवा रखे हैं। पुलिस जैसे ही छापेमारी करती है या फिर चोरी के कटान के वाहनों को जब्त करने पहुंचती है इसकी जानकारी कबाड़ियों को हो जाती है। एसएसपी ने बताया कि ऐसे लोगों की भी जांच करवाई जाएगी। जिन्होंने पुलिस की निगरानी के लिए कैमरे लगवाए हुए हैं।