लोकसभा से 41 और सांसद हुए सस्पेंड, शशि थरूर, डिंपल यादव, दानिश अली, फारुक अब्दुल्ला निलंबित
नई दिल्ली: लोकसभा से विपक्ष के 41 से ज्यादा सांसदों को सस्पेंड कर दिया गया है। सस्पेंशन की यह कार्रवाई हंगामा करने के चलते हुई है। विपक्षी सांसदों ने आज भी सदन की कार्यवाही शुरू होते ही हंगामा करना शुरू कर दिया। विपक्ष के हंगामे के चलते सदन की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर गई। दोबारा जब सदन की कार्यवाही शुरू हुई तब भी विपक्षी सांसदों ने हंगामा जारी रखा। इसके बाद शशि थरूर, डिंपल यादव, दानिश अली, फारुक अब्दुल्ला, कार्ति चिदंबरम, एसटी हसन, सुप्रिया सुले, मनीष तिवारी, राजीव रंजन,रवनीत बिट्टू, दिनेश यादव, प्रतिभा सिंह, संतोष कुमार समेत 41 और सांसदों को सस्पेंड कर दिया गया।
इससे पहले आज सदन की कार्यवाही जैसे ही शुरू हुई, अध्यक्ष ओम बिरला ने प्रश्नकाल शुरू करने की अनुमति दी, लेकिन कुछ विपक्षी सदस्य हाथों में तख्तियां लेकर आसन के निकट पहुंच गये। आसन के पास पहुंचने वाले प्रमुख सांसदों में नेशनल कॉन्फ्रेंस के फारूक अब्दुल्ला शामिल थे। अध्यक्ष ने हंगामा कर रहे सदस्यों को अपनी-अपनी सीट पर जाने और कार्यवाही में हिस्सा लेने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, ‘‘यह सदन आपका है और सदन को चलाने के लिए आपने एक व्यवस्था बनाई है। मेरा अनुरोध है कि आप मुद्दों पर चर्चा करें, लेकिन ये तख्तियां लेकर आना उचित नहीं है।’’
उन्होंने कहा कि यह सदन नियम, परम्परा और परिपाटी से चलेगा और सभी सदस्यों ने तख्तियां न लाने को लेकर सहमति जताई थी। बिरला ने कहा कि सदन तख्तियां लेकर आने से नहीं चलेगा। उन्होंने कहा कि असहमति व्यक्त करना सदस्यों का अधिकार है, लेकिन आग्रह है कि वे मर्यादा का पालन करें। उन्होंने कहा कि सदस्यों को अंतिम चेतावनी दी जा रही है कि वे तख्तियां लेकर आसन के पास न आएं और अपनी-अपनी सीट पर जाएं। विपक्षी सदस्यों के हंगामे के दौरान कांग्रेस सांसद सोनिया गांधी एवं राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी की सदस्य सुप्रिया सुले विपक्ष की ओर की पहली पंक्ति में बैठी नजर आईं, जबकि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी दूसरी पंक्ति में दिखाई दिये।


