सुरेश सिंह बैस// बिलासपुर 23 अप्रैल 2026/ जिले में निजी स्कूलों की मनमानी को लेकर प्रशासन अब पूरी तरह सख्त नजर आ रहा है। शिक्षा के नाम पर नियमों की अनदेखी, भ्रामक जानकारी और अभिभावकों पर आर्थिक दबाव डालने की शिकायतों के बाद जिला प्रशासन ने दो प्रमुख निजी स्कूल समूहों के खिलाफ विस्तृत जांच के आदेश जारी किए हैं। भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) के प्रदेश सचिव रंजीत सिंह की शिकायत पर जिला शिक्षा अधिकारी ने तत्काल संज्ञान लेते हुए संबंधित स्कूलों के विरुद्ध जांच समिति गठित कर दी है। आरोप है कि ये स्कूल मान्यता नियमों का उल्लंघन कर एक ही अनुमति पर कई शाखाएं संचालित कर रहे हैं, साथ ही विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षाओं को लेकर भ्रमित कर रहे हैं।
सात दिनों में मांगी गई रिपोर्ट जिला शिक्षा विभाग द्वारा गठित जांच समितियों को सात दिनों के भीतर विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। जांच में स्कूलों की मान्यता, भौतिक संसाधन, फीस संरचना, तथा वित्तीय पारदर्शिता जैसे बिंदुओं का परीक्षण किया जाएगा।यदि जांच में अनियमितताएं पाई जाती हैं, तो संबंधित स्कूल प्रबंधन के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

डी ई ओ का सख्त बयान
इस पूरे मामले पर जिला शिक्षा अधिकारी (डी ई ओ) ने स्पष्ट रूप से कहा- “शिक्षा के नाम पर किसी भी प्रकार की मनमानी और नियमों की अवहेलना बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी निजी स्कूलों को निर्धारित मानकों का पालन अनिवार्य रूप से करना होगा। जांच में दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी, चाहे संस्थान कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो।” डी ई ओ ने यह भी जोड़ा कि अभिभावकों और विद्यार्थियों के हित सर्वोपरि हैं और उनके साथ किसी भी प्रकार का अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।
विद्यार्थियों के भविष्य से खिलवाड़ नहीं
शिकायतकर्ता रंजीत सिंह के अनुसार, कुछ स्कूल अभिभावकों को गलत जानकारी देकर मानसिक और आर्थिक रूप से प्रताड़ित कर रहे हैं। बोर्ड परीक्षाओं को लेकर भ्रम की स्थिति पैदा करना न केवल अनैतिक है, बल्कि विद्यार्थियों के भविष्य के साथ सीधा खिलवाड़ है। उन्होंने मांग की है कि दोषी संस्थानों की मान्यता तत्काल रद्द कर सख्त कार्रवाई की जाए।
अभिभावकों को न्याय की उम्मीद
प्रशासन की सक्रियता से अभिभावकों में न्याय की उम्मीद जगी है। जिला शिक्षा अधिकारी ने भी स्पष्ट किया है कि बिना मान्यता या नियमों के विरुद्ध संचालित किसी भी स्कूल को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल, जांच प्रक्रिया शुरू हो चुकी है और संबंधित स्कूल प्रबंधन में हड़कंप की स्थिति बनी हुई है। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि भविष्य में भी ऐसी शिकायतों पर त्वरित और कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
@ – बिना मान्यता के ग्राम नेवसा में स्कूल चलाने की जानकारी मुझे कुछ घंटे पूर्व ही हुई है। बिना मान्यता स्कूल चलाना पूरी तरह गैरकानूनी है। हम इस मामले की गंभीरता से जांच कर रहे हैं और जल्द ही संबंधित स्कूल के खिलाफ कठोर कार्रवाई करेंगे।
विजय तांडे, जिला शिक्षा अधिकारी बिलासपुर

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