बिलासपुर। मरम्मत कार्य के लिए बंद तारबाहर आरयूबी को लोगों के आवागमन के लिए ओपन कर दिया गया है। यहां रेल प्रशासन ने अंतरिक्ष की रंग बिरंगी तस्वीरों को बनाया है, जो लोगों के आकर्षण का केन्द्र बनी हुई है। बिलासपुर रेलवे स्टेशन से कुछ दूरी पर नागपुर छोर की ओर बना तारबाहर रेलवे क्रासिंग महत्वपूर्ण क्रासिंग में से एक है। यहां 12 करोड़ रुपए की लागत से तारबाहर से बाईपास रेल लाइन के पहले बने शिव मंदिर तक रोड अंडरब्रिज का
निर्माण कार्य किया गया है। रेल प्रशासन ने 6 माह पहले ही तारबाहर आरयूबी से आवागमन बंद कर मेंटेनेंस व अन्य कार्य किया था, ताकि लोगों को किसी तरह की परेशानी न हो सके। इसके उपरांत कुछ दिन पहले 45 दिनों के लिए रेल अंडरब्रिज से दोनों ओर का रास्ता ब्लॉक कर आवागमन पूरी तरह से बंद करा दिया गया।
यहां रेलवे की ओर से अंतरिक्ष के मॉडल को अंडरब्रिज के अंदर दोनों ओर की दीवारों पर प्रदशित किया गया, जिसे देखकर लोगों को भी अब काफी राहत मिलने लगी है।
अमेरी अंडरब्रिज में डामरीकरण शुरू
बिलासपुर से उसलापुर रेल लाइन मार्ग पर एक रेल क्रासिंग अमेरी से प्रतिदिन 20 से 25 हजार से अधिक लोगों का आवागमन होता है। प्रतिदिन फाटक बंद रहने के कारण परेशान लोगों के लिए रेल प्रशासन ने 11 करोड़ 52 लाख रुपए की लागत से एक अंडरब्रिज का निर्माण कार्य करा दिया है। अमेरी अंडरब्रिज में चार मीटर चौड़ा और साढ़े चार मीटर ऊंचाई का बाक्स है। इस साइज का यह बाक्स दोनों ओर लगाया गया है, जिसके बीच में दीवार बनाई गई है। इस तरह अंडरब्रिज में एक ओर जाने का दूसरी ओर से आने का मार्ग दिया गया है। यह सभी बाक्स 38 मीटर तक बने हुए हैं। मेन रोड तक एप्रोच रोड तक कुल मार्ग की लंबाई 272 मीटर की और ऊंचाई 4.5 मीटर एवं चौड़ाई आठ मीटर की बनाई गई है। अंडरब्रिज से टू व्हीलर के अलावा फोर व्हीलर व मेटाडोर गुजर सकेंगे।बारिश का पानी निकालने के लिए पंप लगाए गए है,ताकि आने-जाने वाले लोगों को परेशानी न हो सके।
क्रासिंग के दोनों ओर के बेरियर को बंद कर दिया गया है। बेरियर बंद होने के बाद अंडरब्रिज का रास्ता लोगों के लिए ओपन कर दिया गया है, लेकिन यहां सड़क पर जगह-जगह गड्ढे. और धूल व सीमेंट उड़ने से लोग हलाकान हो रहे थे। लोगों की मांग करने के बाद अब सड़क पर डामरीकरण का कार्य शुरु कर दिया गया है।






