छत्तीसगढ़

24.72 लाख किसानों के खातों में 13320 करोड़ ट्रांसफर:छत्तीसगढ़ में कृषक उन्नति योजना की राशि जारी; CM साय बोले- आज शुभ दिन

छत्तीसगढ़ में कृषक उन्नति योजना के तहत मंगलवार को किसानों को 13 हजार 320 करोड़ रुपए की आदान सहायता राशि प्रदान की गई। इसमें 24 लाख 72 हजार से अधिक किसानों के बैंक खातों में राशि ट्रांसफर की गई है। इस दौरान CM विष्णुदेव साय ने कहा कि, मोदी की एक और गारंटी पूरी हो रही है।

बालोद जिले के सरयू प्रसाद अग्रवाल स्टेडियम से हुए कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव और केंद्रीय कृषि मंत्री अर्जुन मुंडा वर्चुअली शामिल हुए। प्रदेश में 151 जगह इसका वर्चुअली आयोजन किया गया।

किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड भी दिया गया।
किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड भी दिया गया।

साय बोले- आज शुभ दिन

CM साय ने कहा कि, आज शुभ दिन है। कृषक उन्नति योजना के अंतर्गत किसान भाइयों के खातों में आदान सहायता राशि ट्रांसफर की गई है। इनमें 24 लाख 72 हजार से अधिक वे किसान हैं, जिन्होंने इस साल धान बेचा था। इन्हें 13 हजार 289 करोड़ रुपए की अंतर की राशि दी जा रही है।

इसी तरह 2829 धान बीज उत्पादक किसानों को भी बीज निगम के माध्यम से अंतर राशि 31 करोड़ रुपए से अधिक का भुगतान किया जा रहा है।

बालोद में आयोजित कार्यक्रम में सीएम विष्णुदेव साय समेत अन्य नेता लोगों का अभिवादन करते हुए।
बालोद में आयोजित कार्यक्रम में सीएम विष्णुदेव साय समेत अन्य नेता लोगों का अभिवादन करते हुए।

मोहन यादव ने कहा- छत्तीसगढ़ में धन की बरसात हो रही

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि PM मोदी के नेतृत्व में देश चहुंमुखी विकास कर रहा है। उन्होंने हर विभाग के लिए जनता के हित में बहुत सारी राशि दी है। इन पैसों को खर्च करने में हमारे पसीने छूट जाते हैं। PM ने महिलाओं का सम्मान किया। किसानों के लिए ऐसी योजनाएं बनाईं, जिनसे उन्हें आर्थिक मजबूती मिली।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ का विकास अब जेट गति से आगे जाएगा। बीजेपी की सरकार बने महज 3 महीने हुए हैं, लेकिन इस थोड़े से वक्त में बड़ा काम आगे बढ़ा। ऐसा लग रहा है मानो छत्तीसगढ़ में धन की बरसात हो रही है। छत्तीसगढ़ की जनता ने विधानसभा चुनाव में अच्छे-अच्छे गणित फेल कर दिए।

15 साल छत्तीसगढ़ में डॉ. रमन सिंह की सरकार रही। उस दौरान चारों तरफ विकास हुआ। उन्होंने कहा कि 22 जनवरी का दिन कोई नहीं भूल सकता। 500 साल के कड़े संघर्ष के बाद आज अयोध्या में सरयू नदी के तट पर हमारे श्री रामलला मुस्कुरा रहे हैं।

  • rammandir-ramlala

Related Articles

Back to top button