बिलासपुर 4 जून 2026/ एक महिला की तस्वीर एडिट कर उसे सोशल मीडिया पर वायरल कर बदनाम करने की कोशिश करने वाले आरोपी को तोरवा पुलिस ने शिकायत दर्ज होने के कुछ ही घंटों के भीतर दबोच लिया। महिला की प्रतिष्ठा और सामाजिक छवि को नुकसान पहुंचाने की नीयत से की गई इस हरकत ने एक बार फिर सोशल मीडिया के दुरुपयोग पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस की त्वरित कार्रवाई में आरोपी को सक्ती जिले से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
मामला थाना तोरवा क्षेत्र का है। 4 जून 2026 को पीड़िता ने थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई कि उसके परिचित चुकेन्द्र साहू उर्फ प्रांशु ने उसकी तस्वीर को एडिट कर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल कर दिया है। शिकायत में बताया गया कि आरोपी का उद्देश्य महिला को बदनाम करना और उसकी सामाजिक प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाना था। मामला महिला संबंधी अपराध से जुड़ा होने के कारण तोरवा पुलिस ने इसे गंभीरता से लिया और तत्काल अपराध क्रमांक 290/2026 दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
थाना प्रभारी के निर्देशन में गठित पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर आरोपी की तलाश शुरू की। जांच के दौरान आरोपी की लोकेशन मालखरौदा क्षेत्र, जिला सक्ती में मिली। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने दबिश देकर आरोपी को फरार होने से पहले ही गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान चुकेन्द्र साहू उर्फ प्रांशु, पिता का नाम उपलब्ध नहीं, उम्र 30 वर्ष, निवासी ग्राम अड़भार, थाना मालखरौदा, जिला सक्ती (छत्तीसगढ़) के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की और आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी की।
तोरवा पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 77 भारतीय न्याय संहिता (BNS) एवं धारा 67 सूचना प्रौद्योगिकी (IT) एक्ट के तहत वैधानिक कार्रवाई की है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
गौरतलब है कि सोशल मीडिया पर किसी की तस्वीर से छेड़छाड़ कर उसे वायरल करना केवल किसी की प्रतिष्ठा पर हमला नहीं, बल्कि कानून की नजर में गंभीर अपराध है। ऐसे मामलों में डिजिटल साक्ष्य अपराधियों तक पहुंचने का सबसे बड़ा माध्यम बन रहे हैं और पुलिस भी अब साइबर अपराधों पर तेजी से शिकंजा कस रही है।






