बिलासपुर 17 अप्रैल 2026/ नगर के अंदरूनी इलाकों की सड़कों की बदहाली और निर्माण कार्य में लेटलतीफी पर हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल ने कड़ी नाराजगी जताई है। जनहित याचिका पर घ्डक के स्टेटस रिपोर्ट पर डिवीजन बेंच ने कहा कि, प्रक्रियात्मक औपचारिकताओं के नाम पर जनता को लंबे समय तक परेशान नहीं किया जा सकता। सड़क जैसी आवश्यक सार्वजनिक सुविधाओं में देरी सीधे तौर पर आम जनता के जीवन को प्रभावित करती है। दरअसल, शहर की बदहाल सड़कों को लेकर मेडिया रिपोर्ट पर हाईकोर्ट ने जनहित याचिका मानकर सुनवाई शुरू की है। डिवीजन बेंच ने निगम कमिश्नर और पीडब्ल्यूडी के कार्यपालन अभियंता को अगले दौर की सुनवाई से पहले विस्तृत प्रगति रिपोर्ट और काम पूरा करने की समय-सीमा बताने के निर्देश दिए हैं।निगम कमिश्नर ने शपथ पत्र में बताया कि, अपोलो चौक से मानसी गेस्ट हाउस तक सड़क डामरीकरण का काम पूरा हो चुका है। वहीं, राजकिशोर नगर चौक और संत विहार चौक से अपोलो चौक तक बिजली खंभों की शिफ्टिंग और नाली निर्माण का काम भी खत्म कर लिया गया है। वर्तमान में मानसी गेस्ट हाउस से रपटा चौक के बीच अतिक्रमण हटाने और पेड़ों के प्रत्यारोपण का काम चल रहा है। सीएसआईडीसी के एमडी, व्यापार और उद्योग के जीएम को देना होगा जवाब हाईकोर्ट ने इस मामले में केवल सड़क निर्माण ही नहीं, बल्कि औद्योगिक विकास से जुड़े पहलुओं पर भी जवाब मांगा है। डिवीजन बेंच ने इस मामले में सीएसआईडीसी के एमडी और जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक को भी अपना व्यक्तिगत शपथ पत्र पेश करने के लिए कहा है। अगली सुनवाई से पहले इन अधिकारियों को शपथपत्र के साथ जवाब देना होगा।


