अंबिकापुर/मैनपाट 10 सितंबर/ भीषण बारिश और दुर्गम मार्गों की परवाह किए बिना प्रांतीय मानिकपुरी पनिका समाज छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. ललित कुमार मानिकपुरी तीन दिवसीय सरगुजा संभाग प्रवास के दौरान मैनपाट विकासखंड के ग्राम खड़गांव पहुंचे। यहां उन्होंने वरिष्ठ समाजसेवी स्वर्गीय खोईटा दास के अंतिम नहावन, चंदनपान एवं चलावा-चौका अनुष्ठान में शामिल होकर तैलचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की। उन्होंने शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर संवेदनाएं व्यक्त कीं तथा सद्गुरु कबीर साहेब से दिवंगत आत्मा की शांति और परिवार को इस कठिन घड़ी में धैर्य एवं संबल प्रदान करने की प्रार्थना की।
श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद डॉ. ललित कुमार मानिकपुरी ने कहा,”समाज केवल आयोजनों से नहीं, बल्कि संवेदनाओं और पारस्परिक विश्वास से मजबूत होता है। समाज के हर परिवार के सुख-दुख में सहभागी बनना ही संगठन का मूल उद्देश्य है। सामाजिक एकता, युवा जागरूकता और शिक्षा समाज की प्रगति का सबसे मजबूत आधार हैं। हम सभी को संगठित होकर समाजहित में निरंतर कार्य करना चाहिए।”उन्होंने कहा कि संगठन की मजबूती तभी सार्थक होगी, जब प्रत्येक व्यक्ति सामाजिक दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करेगा और आने वाली पीढ़ी को संस्कारों से जोड़ेगा।
धार्मिक परंपराओं के अनुरूप चौका आरती, चंदनपान, प्रसाद वितरण तथा सामूहिक भोजन संपन्न हुआ। इस अवसर पर जशपुर जिलाध्यक्ष धनी दास (डोकरा दास) महंत, सरगुजा जिलाध्यक्ष बृजलाल दास मानिकपुरी, वरिष्ठ समाजसेवी शिव बालक महंत,पी.डी. टांडिया,धनेश दास,शगुन दास,बलभद्र महंत,शंभू दास,चमन दास सहित विभिन्न क्षेत्रों से आए पदाधिकारी, महंत, दीवान, मातृशक्ति, युवा एवं बड़ी संख्या में सामाजिक बंधु उपस्थित रहे। सभी ने दिवंगत समाजसेवी के योगदान को स्मरण करते हुए श्रद्धासुमन अर्पित किए।
अपने प्रथम मैनपाट आगमन पर प्रदेश अध्यक्ष डॉ. ललित कुमार मानिकपुरी का श्रीफल, अंगवस्त्र और पुष्पमालाओं से आत्मीय स्वागत किया गया। पूरा आयोजन सामाजिक संस्कार, पारिवारिक आत्मीयता, परंपराओं के सम्मान और संगठनात्मक प्रतिबद्धता का प्रेरक उदाहरण बनकर सामने आया। उपस्थित जनों ने विश्वास व्यक्त किया कि समाज के बीच सतत संवाद, सहभागिता और सेवा का यह क्रम भविष्य में भी सामाजिक एकजुटता को नई दिशा और नई ऊर्जा प्रदान करेगा।







